लखनऊ : (मानवीय सोच) भारतीय मनीषा इस बात को हमेशा मानती रही है कि जल है तो कल है। जल के बगैर जीवन की कल्पना नहीं की जा सकती है। ऐसे में जल के महत्व को समझना होगा ताकि आने वाला कल सुरक्षित रहे। इस क्रम में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के मार्गदर्शन में प्रदेश में जागरुकता को लेकर निरंतर कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं। ये बातें मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने शुक्रवार को लोकभवन में आयोजित भूजल सप्ताह के समापन समारोह में कही।
सीएम योगी ने कहा प्रदेश सरकार ने भूगर्भीय जल के गिरते स्तर को सुधारने के लिए वर्ष 2019 में एक अधिनियम बनाया। इसके तहत एक निश्चित सीमा से ऊपर किसी भी भवन के निर्माण के लिए नक्शा पास करने के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग की अनिवार्यता की गयी।
इसका यह परिणाम हुआ कि आज प्रदेश में रेन वाटर हार्वेस्टिंग की संख्या बढ़ी है, जो हमारी भविष्य की आवश्यकताओं को पूरा करेगा। प्रदेश में जल को बचाने के लिए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के अभियान को अपनाते हुए प्रदेश में पर ड्रॉप मोर क्रॉप का अभियान चलाया जा रहा है।
