नई दिल्ली (मानवीय सोच) राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के शपथ ग्रहण समारोह की समाप्ति के बाद आज विपक्षी दलों ने अपनी नाराजगी का इजहार किया. विपक्ष के नाराज होने का कारण यह था कि राज्यसभा में विपक्ष के नेता मल्लिकार्जुन खड़गे को “उनके पद के अनुरूप सीट पर नहीं बैठाया गया था.” विपक्षी दलों ने एक पत्र लिखकर कहा,”आज राष्ट्रपति के शपथ ग्रहण समारोह में मल्लिकार्जुन खड़गे को ऐसी सीट पर बैठाया गया जो उनके पद की गरिमा के अनुरूप नहीं है.”
अपने इस पत्र में विपक्ष ने लिखा है कि यह प्रोटोकॉल शिष्टाचार का भी उल्लंघन है. उन्होंने राज्यसभा के सभापति एम वेंकैया नायडू को पत्र लिखकर यह दावा भी किया कि एक वरिष्ठ नेता का जानबूझकर अनादर किया गया है जिसको लेकर वे हैरानी और विरोध जताते हैं.
कांग्रेस के राज्यसभा सांसद और कम्युनिकेशन विभाग के प्रभारी जयराम रमेश ने एक ट्वीट भी किया. इस पत्र को साझा करते हुए उन्होंने कहा कि इस विरोध में TMC के नेता भी शामिल हुए.
द्रौपदी मुर्मू ने सोमवार को संसद के केंद्रीय कक्ष में देश की 15वीं राष्ट्रपति के रूप में पद एवं गोपनीयता की शपथ ली। भारत के प्रधान न्यायाधीश एन. वी. रमण उन्हें राष्ट्रपति पद की शपथ दिलायी।
