लखनऊ के दुबग्गा इलाके के रहने वाले 60 वर्षीय अबरार अहमद की मौत का मामला तूल पकड़ता जा रहा है. अबरार के परिजनों ने केजीएमयू के लारी कार्डियोलॉजी विभाग पर लापरवाही के गंभीर आरोप लगाए हैं. मिली जानकारी के मुताबिक, अबरार अहमद का साल 2018 से केजीएमयू के लारी कार्डियोलॉजी डिपार्टमेंट में हार्ट से जुड़ी समस्या का इलाज चल रहा था. शुक्रवार (24 नवंबर) की देर रात उन्हें अचानक सीने में तेज दर्द हुआ. इस दौरान परिजनों ने उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया.
अस्पताल में पहुंचने के बाद डॉक्टरों ने अबरार अहमद का इलाज शुरू किया. आरोप है कि उन्हें कई इंजेक्शन लगाए गए. परिजनों का कहना है कि इंजेक्शन लगाए जाने के कुछ ही समय बाद उनकी तबीयत और बिगड़ गई. मरीज के नाक और मुंह से खून बहने लगा। इसके बावजूद, डॉक्टरों ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया. परिजनों का कहना है कि अस्पताल की ओर से समय पर सही इलाज नहीं दिया गया, जिसकी वजह से अबरार की हालत गंभीर होती चली गई और उनकी मौत हो गई
