नई दिल्ली (मानवीय सोच) उत्तर प्रदेश की आजमगढ़ और रामपुर लोकसभा सीट पर हुए उपचुनाव में भाजपा की बड़ी जीत के बाद AIMIM चीफ असदुद्दीन ओवैसी ने भी सपा पर तंज कसा है। उन्होंने कहा कि इस जीत ने दिखा दिया है कि समाजवादी पार्टी में भाजपा को हराने की ताकत नहीं है। रामपुर सीट पर भाजपा के घनश्याम लोधी ने सपा के प्रतिद्वंद्वी को 42 हजार वोटों से हरा दिया। वहीं आजमगढ़ लोकसभा सीट पर दिनेश लाल यादव निरहुआ ने 9060 वोटों से जीत हासिल की।
ओवैसी ने एक ट्वीट में लिखा, ‘रामपुर और आज़मगढ़ चुनाव के नतीजे से साफ़ ज़ाहिर होता है कि सपा में भाजपा को हराने की न तो क़ाबिलियत है और ना क़ुव्वत। मुसलमानों को चाहिए कि वो अब अपना क़ीमती वोट ऐसी निकम्मी पार्टियों पर ज़ाया करने के बजाये अपनी खुद की आज़ाद सियासी पहचान बनाए और अपने मुक़द्दर के फ़ैसले ख़ुद करे।’
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी जीत के बाद जनता का आभार जताया। उन्होंने कहा कि यह जनता का डबल इंजन की सरकार में भरोसा है। आदित्यनाथ ने कहा, ‘जनता ने प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व में हुए विकास कार्यों पर भरोसा जताया है।’ उन्होंने कहा कि जनता ने 2024 के आम चुनाव के लिए अपना संदेश दे दिया है।
आजम खान को बड़ा झटका
रामपुर लोकसभा सीट पर सपा के चुनाव हारने से आजम खान को बड़ा झटका लगा है। विधानसभा चुनाव जीतने से पहले वह यहां से सांसद थे। वहीं इस बार के उपचुनाव में भी उन्होंने प्रचार में पूराज जोर लगाया था। लोधी ने हाल ही में भाजपा जॉइन की थी। सपा के प्रत्याशी आसिम रजा का चयन आजम खान ने ही किया था। यहां से बहुजन समाजपार्टी ने चुनाव नहीं लड़ा था।
वहीं आजमगढ़ से सपा ने धर्मेंद्र यादव को टिकट दिया था। बीएसपी ने शाह आलम उर्फ गुड्डू जमाली को उतारा था। आजमगढ़ उपचुनाव में कुल 13 उम्मीदवार थे। अखिलेश यादव के लिए यह बड़ा झटका इसलिए है क्योंकि अखिलेश यादव यहां से सांसद थे। विधायक बनने के बाद उन्होंने इस सीट से इस्तीफा दे दिया था।
