चंडीगढ़ (मानवीय सोच) गैंगस्टर गोल्डी बराड़ को भारत लाने की प्रक्रिया जल्द शुरू हो सकती है। दरअसल इसके लिए पंजाब पुलिस ने रेड कॉर्नर नोटिस की मांग की है। बता दें कि गैंगस्टर गोल्डी बराड़ ने लॉरेंस बिश्नोई गैंग की ओर से सिद्धू मूसेवाला हत्याकांड की जिम्मेदारी ली थी। अब पंजाब पुलिस गैंगस्टर के प्रत्यर्पण में कोई कसर नहीं छोड़ रही है।
कहां है गोल्डी बराड़?
सतिंदरजीत सिंह उर्फ गोल्डी बराड़ मुक्तसर का रहने वाला है और 2017 में स्टूडेंट वीजा पर कनाडा गया था। वह लॉरेंस बिश्नोई गिरोह का सक्रिय सदस्य है। पंजाब पुलिस के आधिकारिक प्रवक्ता ने कहा कि सिद्धू मूसेवाला की हत्या से दस दिन पहले 19 मई, 2022 को पुलिस ने गोल्डी बराड़ के खिलाफ रेड-कॉर्नर नोटिस जारी करने के लिए केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) को प्रस्ताव भेजा था, जो उसके भारत प्रत्यर्पण का मार्ग प्रशस्त करेगा।
गोल्डी संभाल रहा बिश्नोई गैंग
सिद्धू मूसेवाला की हत्या से बहुत पहले गोल्डी बराड़ को उसके पूर्व कुकर्मों के लिए भी जिम्मेदार ठहराया गया है। पंजाब पुलिस के डोजियर में गोल्डी बराड़ की पांच अलग-अलग तस्वीरें हैं। गोल्डी पर हत्या और जबरन वसूली सहित कई गंभीर आपराधिक आरोप हैं। वह कुल 16 आपराधिक आरोपों का सामना कर रहा है। चार मुकदमों में, उसे अदालतों ने बरी कर दिया था। कनाडा जाने से पहले बराड़ फिरोजपुर और मुक्तसर में सक्रिय था। रिपोर्ट के मुताबिक, लॉरेंस बिश्नोई को हिरासत में लिए जाने के बाद अब बिश्नोई समूह का नेतृत्व गोल्डी बरार कर रहा है।
लॉरेंस बिश्नोई ने कबूला था ‘गुनाह’
इस मामले में गैंगस्टर लॉरेंस बिश्नोई से भी पूछताछ की जा रही है। लॉरेंस बिश्नोई ने जांचकर्ताओं को बताया है कि कनाडा में रहने वाले गोल्डी बराड़ समेत उसके गिरोह के सदस्यों ने साजिश रचकर गायक सिद्धू मूसेवाला की हत्या की। अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी थी। बिश्नोई ने आरोप लगाया है कि मूसेवाला अकाली दल के युवा नेता विक्रमजीत सिंह उर्फ विक्की मिड्डूखेड़ा की पिछले साल सात अगस्त को हुई हत्या में शामिल था, जिसके कारण बिश्नोई और पंजाबी गायक के बीच “दुश्मनी” पनपी। बिश्नोई मौजूदा समय में दिल्ली पुलिस के विशेष प्रकोष्ठ की हिरासत में है।
CBI को भेजा रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने का अनुरोध
प्रवक्ता ने बताया कि आईपीसी की विभिन्न धाराओं सहित 12 नवंबर, 2020 की एफआईआर संख्या 409 सहित कई मामलों के आधार पर रेड कॉर्नर नोटिस जारी करने का प्रस्ताव भेजा गया था।
क्या होता है रेड कॉर्नर नोटिस
रेड कॉर्नर नोटिस यानी आरसीएन किसी आपराधिक मामले में दोषी ठहराये गए व्यक्ति के लिए जारी किया जाता है। यह एक तरह से उस व्यक्ति को ढूंढने और उसे अस्थायी रूप से गिरफ्तार करने का अनुरोध है। हालांकि रेड कॉर्नर नोटिस जारी होने का मतलब यह नहीं है कि वह व्यक्ति दोषी है। रेड कॉर्नर नोटिस जारी होने के बाद उस व्यक्ति को अस्थायी रूप से गिरफ्तार किया जा सकता है ताकि उससे मामलों से जुड़ी पूछताछ की जा सके।
पंजाब पुलिस ने तरनतारन के गांव रत्तोक के गैंगस्टर से आतंकवादी बने हरविंदर सिंह संधू उर्फ रिंडा के खिलाफ भी रेड कॉर्नर नोटिस (आरसीएन) जारी करने की मांग की है, जिसे 5 मई, 2022 को अपराध जांच ब्यूरो (सीबीआई) को भेजा गया है।
रिंडा हाल के दिनों में पंजाब में कई आतंकवादी मॉड्यूल को शामिल करने और संचालित करने के लिए जिम्मेदार है। वह अभी पाकिस्तान में स्थित है। वह, पाकिस्तान की आईएसआई द्वारा समर्थित, भारत में भारी मात्रा में हथियारों और गोला-बारूद की तस्करी में भी जिम्मेदार रहा है। पंजाब पुलिस के साथ संयुक्त अभियान में करनाल में गिरफ्तार किए गए चार आतंकियों के पास से भारी मात्रा में हथियार/गोला बारूद और आईईडी बरामद किए गए थे जो रिंडा के थे।
