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ज्ञानवापी-श्रृंगार गौरी केस: मसाजिद कमेटी पर 500 रुपये का जुर्माना

वाराणसी  (मानवीय सोच) ज्ञानवापी-श्रृंगार गौरी दर्शन मामले में दाखिल वाद की पोषणीयता पर जिला जज की अदालत में गुरुवार को सुनवाई हुई। इस दौरान न्यायालय ने मामले में देरी की वजह से अंजुमन इंतजामिया मसाजिद कमेटी पर 500 रुपये का जुर्माना भी लगाया। बताया जा रहा है कि मामले में देरी के चलते जुर्माना लगाया गया है।  मामले पर अब 22 अगस्त को अगली सुनवाई होगी।

क्या है पूरा मामला ?
ज्ञानवापी-श्रृंगार गौरी दर्शन मामले में दाखिल वाद की पोषणीयता पर जिला जज की अदालत में आज सुनवाई हुई। सुप्रीम कोर्ट के आदेश पर इस मुद्दे पर हो रही सुनवाई में अंजुमन इंतजामिया मसाजिद की तरफ से जबाबी बहस की जानी थी लेकिन इंतजामिया मसाजिद के मुख्य अधिवक्ता अभय यादव के निधन से सुनवाई प्रभावित हुई। इसी क्रम में अंजुमन इंतजामिया मसाजिद ने योगेंद्र सिंह को अपना अधिवक्ता बनाया था ।

क्या है दलील
महिला वादी पक्ष की दलील है कि यहां विशेष उपासना स्थल कानून 1991 लागू नहीं होता जबकि मुश्लिम पक्ष का कहना है कि यहां यह कानून लागू होता है जिसके मुताबिक आजादी के समय धर्मस्थलों की जो स्थिति है उसमें बदलाव नहीं होगा।

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