किनारे बसे गांवों पर गहराया बाढ़ का खतरा

बुलंदशहर (मानवीय सोच) पहाड़ी इलाकों में भारी बारिश, बादल फटने और बिजनौर बैराज से गंगा में दो लाख क्यूसेक पानी छोड़े जाने से उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में गंगा किनारे बसे गांवों में बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है। नरोरा बैराज के सहायक अभियंता अंकित सिंह ने बताया कि नरौरा बैराज पर सोमवार सुबह छह बजे गंगा नदी में पानी की आवक 145526 क्यूसेक प्रति सेकेंड दर्ज की गयी है,इसमें से 130000 क्यूसेक पानी डाउनस्ट्रीम से प्रति सेकंड निकाला जा रहा है।

इससे पहले शनिवार को जो आवक 52926 क्यूसेक थी वह रविवार को ही बढ़कर दोगुनी हो गयी थी। आहार ,बुगरासी, राजघट, रामघाट, बिहार घाट ,करण वास ,नरोरा और अनूप शहर क्षेत्र में गंगा का पानी खेतों में घुसकर फसल को बर्बाद कर रहा है । गंगा के बढ़ते जल स्तर के मद्देनजर जिला प्रशासन और सिंचाई विभाग ने आपदा से निपटने के लिए कड़ी सुरक्षा प्रबंध किए है।

गंगा नदी जिले में स्याना तहसील से प्रवेश कर अनूप शहर डिबाई नरोरा क्षेत्र से होते हुए आगे निकल जाती है। श्री सिंह ने बताया कि गंगा के जलस्तर में हो रही वृद्धि से सिंचाई विभाग अलर्टमोड पर है। दिन रात बैराज की निगरानी की जा रही है। मुनादी कराकर खादर क्षेत्र में पशु चराने अथवा अपने खेतों पर न जाने की अपील ग्रामीणों से की जा रही है।

अनूप शहर के उप जिला मज्ट्रिरेट वीके गुप्ता ने बताया कि गंगा के जलस्तर बढ़ने से आबादी क्षेत्र में किसी प्रकार का कोई खतरा नहीं है। एहतियात के तौर पर पशुपालकों को गंगा नदी की ओर जाने के लिए मना किया गया है। बाढ़ चौकियों को भी क्रियाशील कर दिया गया है। उन्होंने बताया कि आहार क्षेत्र के गांव कल्याणपुर, मोहम्मदपुर ,आहार, सद्धि बाबा चासी, फतेहपुर, मढैया आदि गांव में मुनादी कराकर ग्रामीणों से सतर्क रहने पशु चराने के लिए गंगा नदी की ओर न जाने और गंगा किनारे के खेतों में भी खेती के काम से न जाने की अपील लोगों से की जा रही है दूसरी ओर बुलंदशहर के बुगरासी क्षेत्र को अमरोहा मुरादाबाद और संभल जिले से जोड़ने वाले भगवानपुर पुल का संपर्क मार्ग टूट जाने से पुल के दोनों और बसे लगभग सौ गांवों का संपर्क टूट गया है।

प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार बुगरासी क्षेत्र में भगवानपुर मार्ग पर कटान के चलते सड़क धंस गई है। वही बढ़ते जल स्तर के कारण आहार क्षेत्र स्थित ऐतिहासिक अवंतिका देवी मंदिर पर 05 करोड़ रुपए की लागत से बना तटबंध क्षतग्रिस्त हुआ है जिसके चलते मंदिर के आसपास के इलाके में जलभराव की स्थिति बनी है।

प्रशासन ने क्षतग्रिस्त तटबंध की मरम्मत की कार्रवाई शुरू कर दी है ड्रेनेज विभाग के अवर अभियंता उमेश कुमार ने बताया कि बालू रेत से भरे बोरों की सवा मीटर ऊंची दीवार बनी है अनूप शहर राजघट रामघाट,बुगरासी आहार क्षेत्र के लगभग 2000 से अधिक किसानों के खेतों में जलभराव की स्थिति बनी है जलभराव से खेतों में खड़ी फसल के बर्बाद होने की आशंका बनी है।

जिला मज्ट्रिरेट चंद्र प्रकाश सिंह ने बताया कि गंगा नदी के जलस्तर में को रही वृद्धि को लेकर जिला प्रशासन पूरी तरह से सतर्क है है। सिंचाई ड्रेनेज को भी विभाग को भी सतर्क कर दिया गया है सं।बंधित कर्मचारी अधिकारी अपने-अपने क्षेत्रों में ड्यूटी दे रहे हैं ।बाढ़ चौकियों को भी सक्रिय कर आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं ताकि आवश्यकता पड़ने पर प्रभावित लोगों और पशुओं को प्रभावित क्षेत्रों से निकालकर सुरक्षित स्थानों पर पहुंचाया जा सके। उनके खाने-पीने और इलाज की भी समुचित व्यवस्था करने के नर्दिेश संबंधित विभाग को दिए जा चुके हैं

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