सत्येंद्र जैन की पत्नी पूनम जैन को बड़ी राहत, दिल्ली की कोर्ट ने दी नियमित जमानत

नई दिल्ली  (मानवीय सोच) दिल्ली की एक अदालत ने मनी लॉन्ड्रिंग मामले में दिल्ली के कैबिनेट मंत्री सत्येंद्र जैन की पत्नी पूनम जैन को मंगलवार को नियमित जमानत दे दी। उन्हें इस मामले में पहले 6 अगस्त को उन्हें अंतरिम जमानत दी गई थी। अंतरिम जमानत देते समय अदालत ने कहा कि यह नोट किया गया कि उन्हें जांच के दौरान गिरफ्तार नहीं किया गया था।

बता दें कि, ईडी ने सीबीआई द्वारा 24 अगस्त, 2017 को दर्ज एफआईआर के आधार पर सत्येंद्र जैन एवं अन्य के खिलाफ धन शोधन रोकथाम की धाराओं के तहत जांच शुरू की थी। सीबीआई ने आरोप लगाया था कि दिल्ली सरकार में मंत्री रहने के दौरान 14 फरवरी, 2015 से 31 मई, 2017 के बीच जैन ने आय से अधिक संपत्ति अर्जित की।

ईडी ने 27 जुलाई को दायर की थी चार्जशीट

ईडी ने एक बयान में कहा कि चार्जशीट या अभियोजन शिकायत यहां 27 जुलाई को स्पेशल मनी लॉन्ड्रिंग प्रिवेंशन एक्ट (पीएमएलए) कोर्ट में दायर की गई थी और अदालत ने इसका संज्ञान लिया है।

ईडी ने चार्जशीट में सत्येंद्र जैन, उनकी पत्नी पूनम जैन और सहयोगियों अजीत प्रसाद जैन, सुनील कुमार जैन, वैभव जैन और अंकुश जैन और कंपनियों अकिंचन डेवलपर्स प्रा. लिमिटेड, प्रयास इन्फोसॉल्यूशंस प्राइवेट लिमिटेड, मंगलायतन डेवलपर्स प्राइवेट लिमिटेड और जेजे आइडियल एस्टेट प्राइवेट लिमिटेड का नाम शामिल है।

सत्येंद्र जैन 30 मई को हुए थे गिरफ्तार

आम आदमी पार्टी (आप) के नेता और बिना पोर्टफोलियो के मंत्री 57 वर्षीय सत्येंद्र जैन को ईडी ने 30 मई को मनी लॉन्ड्रिंग प्रिवेंशन एक्ट (पीएमएलए) के प्रावधानों के तहत गिरफ्तार किया था। पहले उन्हें पहले पुलिस हिरासत में और उसके बाद न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। ईडी ने वैभव जैन और अंकुश जैन को भी गिरफ्तार किया था और वे भी मंत्री के साथ न्यायिक हिरासत में हैं।

ईडी ने इससे पहले जैन के परिवार की 4.81 करोड़ रुपये की संपत्ति और उनके खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत उनके “लाभदायक स्वामित्व वाली और नियंत्रित” कंपनियों की संपत्ति कुर्क की थी। जांच एजेंसी द्वारा उन्हें हिरासत में लेने से पहले जैन पर स्वास्थ्य, ऊर्जा और कुछ अन्य विभागों का चार्ज था।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *