लखनऊ (मानवीय सोच) विभूतिखंड थानाक्षेत्र के कठौता चौराहे पर शुक्रवार शाम को दो गुटों में मारपीट के बाद फायरिंग हो गई। इस दौरान चौराहे पर अफरातफरी और दहशत का माहौल हो गया। हमलावराें ने भाग रहे युवक की एसयूवी पर पथराव भी किया। पीड़ित की तहरीर पर पुलिस ने देर रात एक नामजद सहित 12 पर केस दर्ज कर लिया। पुलिस के मुताबिक, दोनों गुटों में रंजिश है।
प्रभारी निरीक्षक विभूतिखंड डॉ. आशीष मिश्रा के मुताबिक, मूलरूप से देवरिया के अक्षत अनिल त्रिपाठी अर्जुनगंज में रहते हैं। वह बायजूज में नौकरी करते हैं। अक्षत के मुताबिक, गोरखपुर के आयुष त्रिपाठी ने कठौता चौराहे पर चाय की दुकान पर शाम पांच बजे बातचीत के लिए बुलाया था। वह अपने चार-पांच साथियों के साथ पहुंचे। बातचीत के दौरान आयुष व उसके साथियों ने हमला बोल दिया। इस पर वह जान बचाकर भागे और किसी तरह एसयूवी तक पहुंचे। एसयूवी में बैठते ही आरोपियों ने फायरिंग शुरू कर दी। आरोप है कि चार राउंड ताबड़तोड़ फायरिंग की गई। एसयूवी लेकर भागे तो हमलावरों ने पथराव कर दिया। इससे एसयूवी का शीशा टूट गया। किसी तरह वहां से भागकर अपनी जान बचाई।
चौराहे पर भगदड़ देख राहगीरों ने दी सूचना
चौराहे पर भगदड़ की देख राहगीरों ने पुलिस को सूचना दी। हालांकि, चौराहे पर ही पुलिस चौकी है। प्रभारी निरीक्षक के मुताबिक, सीसीटीवी फुटेज में दोनों गुटों में संघर्ष साफ दिख रहा है। देर शाम को पीड़ित अक्षत थाने पहुंचा और आयुष व उसके दोस्तों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया।
गर्लफ्रेंड को लेकर चल रहा है विवाद
पुलिस के मुताबिक, दोनों गुटों में काफी पहले से विवाद है। डेढ़ महीने पहले भी एक युवती से दोस्ती को लेकर दोनों गुटों में मारपीट हुई थी। इस दौरान युवती भी साथ थी। इसके बाद दोनों पक्षों में समझौता हो गया था। इधर, कुछ दिनों से फिर तनाव चल रहा था। पुलिस के मुताबिक आरोपियों की तलाश की जा रही है।
जनवरी 2021 में कठौता चौराहे पर हुई थी अजीत सिंह की हत्या
कठौता चौराहे पर अचानक शुक्रवार शाम को गोलियां तड़तड़ाईं तो लोग एक बार फिर सहम गए। आंखों के सामने 6 जनवरी 2021 का मंजर तैर गया। छह जनवरी 2021 को चौराहे पर अपनी गाड़ी में बैठते समय मऊ के गोहना मोहम्दाबाद के पूर्व ज्येष्ठ उप प्रमुख अजीत सिंह को गोलियों से भून दिया गया था। छह शूटरों ने 50 से अधिक राउंड गोलियां बरसाई थीं। मामले में जौनपुर के पूर्व सांसद का भी नाम सामने आया था। पुलिस ने मुख्य शूटर गिरधारी को मुठभेड़ में मार गिराया था, जबकि 11 लोग गिरफ्तार किए गए थे।
