वाराणसी (मानवीय सोच) अमेरिका की राजधानी वाशिंगटन डीसी में संस्कृत विश्वविद्यालय का अध्ययन केंद्र खुलेगा। अप्रवासी भारतीय रमन तिवारी इसके समन्वयक बनाए जाएंगे। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ आनलाइन प्रशिक्षण केंद्र का उद्घाटन जनवरी 2023 में करेंगे। शासन ने आनलाइन प्रशिक्षण केंद्र के लिए विश्वविद्यालय को 1.16 करोड़ का अनुदान दिया है। इसके तहत देश-विदेश के छात्रों को भी प्राच्य विद्या से जोड़ने का प्रयास किया जा रहा है। इस केंद्र के माध्यम से ज्योतिष, कर्मकांड, वास्तु शास्त्र, योग, तीर्थ, श्राद्धकर्म, पौरोहित्य, अर्चक सहित अन्य सर्टिफिकेट व डिप्लोमा कोर्स होगा। छह माह से एक साल की अवधि वाले पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे।
विदेशी छात्र भी करा सकेंगे पंजीकरण
इन कोर्सों के लिए विदेशी छात्र भी पंजीकरण करा सकते हैं। उन्हें परीक्षा देने के लिए वाराणसी नहीं आना होगा। बल्कि विदेशों में भी अध्ययन केंद्र संचालित होंगे। खास बात यह कि सभी सर्टिफिकेट व डिप्लोमा कोर्स निश्शुल्क होंगे। छात्रों को पंजीकरण के समय सिर्फ एक बार शुल्क देना होगा। विश्वविद्यालय प्रशासन की ओर से 15 हजार छात्रों को प्रशिक्षित करने का लक्ष्य रखा गया है। फिलहाल इसकी शुरूआत दो हजार विद्यार्थियों से की जाएगी।
डिजिटल लैब से होगा संचालन
आनलाइन पाठ्यक्रमों के संचालन के लिए 47 लाख की लागत से डिजिटल लैब बनाया जाएगा। इसकी रूपपेखा तैयार कर ली गई है। लैब में कंप्यूटर के लिए पांच लाख, कंप्यूटर शिक्षकों के लिए तीन लाख, सहायक के मानदेय पर दो लाख रुपये खर्च होने का अनुमान है।
