कर्नाटक (मानवीय सोच) बीजेपी ने 2023 में होने वाले कर्नाटक विधानसभा चुनाव को लेकर तैयारी तेज कर दी है. इसी बीच गृहमंत्री अमित शाह राज्य के दौरे पर हैं. उन्होंने शुक्रवार (30 दिसंबर) को मांडया में जनसभा को संबोधित करते हुए पूर्व सीएम और कांग्रेस नेता सिद्धारमैया पर पीएफआई (PFI) को लेकर निशाना साधा.
गृहमंत्री अमित शाह ने कहा, ”सिद्धारमैया सरकार ने 1700 PFI कैडरों के खिलाफ केस वापस लेने का काम किया था. बीजेपी सरकार ने पीएफआई पर बैन लगाकर सबको जेल में डालने का काम किया है.” उनका यह बयान ऐसे समय आया जब गुरुवार (29 दिसंबर) को ही एनआईए ने प्रतिबंधित इस्लामिक संगठन पॉपुलर फ्रंट ऑफ इंडिया (PFI) और उसे जुड़े नेताओं के केरल स्थित 56 ठिकानों पर छापेमारी की थी.
क्या बोले अमित शाह?
केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कहा लोगों ने जेडीएस और कांग्रेस दोनों की सरकार देखी. कांग्रेस के सत्ता में रहने के दौरान कर्नाटक को दिल्ली के लिए एटीएम बन दिया. जेडीएस और कांग्रेस ने भ्रष्टाचार करके विकास को रोकने का काम किया. इसके अलावा उन्होंने कहा कि मैंने 2018 के चुनाव की शुरुआत मांड्या जिले से की थी. यहां से एक मुट्ठी अनाज मांगकर कांग्रेस शासन के दौरान जिन किसानों के साथ अन्याय हुआ था, बीजेपी ने उन्हें न्याय दिलाने की शपथ ली थी. जनता ने हमें सबसे बड़ी पार्टी बनाकर राज्य में सरकार बनाने का मौका दिया.
‘कांग्रेस ने किया अन्याय’
गृह मंत्री अमित शाह ने कहा कि कांग्रेस के इतने सालों के शासन के दौरान दलितों और जनजातीय समुदाय के साथ हमेशा अन्याय हुआ. हमें दो राष्ट्रपति बनाने का मौका मिला, एक बार दलित के बेटे रामनाथ कोविंद और दूसरी बार जनजातीय महिला द्रौपदी मुर्मू को भारत का राष्ट्रपति बनाने का काम किया. उन्होंने दावा किया कि कांग्रेस अयोध्या में राम मंदिर नहीं बनने देना चाहती थी, उसने हमेशा कोर्ट में मामले को अटकाया.
