सुप्रीम कोर्ट ने कहा- प्रवासी मजदूरों को राशन कार्ड देने के लिए बड़े पैमाने पर प्रचार जरूरी

नई दिल्ली  (मानवीय सोच)  सुप्रीम कोर्ट ने प्रवासी मजदूरों को राशन कार्ड न मुहैया होने पर राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों को तीन महीने का और समय दिया है। ई-श्रम पोर्टल पर पंजीकृत प्रवासी मजदूरों को राशन कार्ड मुहैया करवाने लिए ये समय दिया गया है।

जस्टिस एमआर शाह और एहसानुद्दीन अमानुल्लाह की पीठ ने कहा कि केंद्रीय श्रम और रोजगार मंत्रालय के पोर्टल पर पंजीकृत प्रवासी मजदूरों को राशन कार्ड देने का व्यापक प्रचार किया जाना चाहिए। इससे राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा अधिनियम  के तहत उन्हें लाभ मिलेगा।

सुप्रीम कोर्ट ने ये आदेश याचिकाकर्ताओं अंजलि भारद्वाज, हर्ष मंदर और जगदीप छोक्कर द्वारा दायर किए गए एक आवेदन पर दिया है। इन लोगों ने अपने आवेदन में NFSA के तहत प्रवासी मजदूरों को राशन दिया जाना चाहिए, इसे लेकर बात कही थी।

 

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *