मऊ (मानवीय सोच) माफिया मुख्तार अंसारी और उसके परिवार की मुश्किलें कम होती नजर नहीं आ रही हैं। मुख्तार के छोटे बेटे उमर अंसारी के खिलाफ भी मऊ कोर्ट ने गैर जमानती वारंट (एनबीडब्लू) जारी करते हुए पूर्व विधायक के परिवार की मुश्किलें एक बार फिर से बढ़ा दी है।
बीते विधानसभा चुनाव के दौरान आचार संहिता के उल्लंघन और हेट स्पीच के मामले में आरोपी विधायक अब्बास अंसारी की गुरुवार को कासगंज जेल से वीडियो कांफ्रेंसिंग के माध्यम से पेशी हुई। जबकि इस मामले के दूसरे आरोपी उमर अंसारी के कोर्ट में पेश में नहीं होने उसके विरुद्ध गैरजमानती वारंट जारी किया गया। सीजेएम एमपी/एमएलए कोर्ट श्वेता चौधरी ने मामले में आरोपियों की हाजिरी के लिए 15 मई की तिथि तय की।
क्या है पूरा मामला
मामला शहर कोतवाली क्षेत्र का है। अभियोजन के अनुसार एसआई गंगाराम बिंद की तहरीर पर शहर कोतवाली में मुकदमा दर्ज हुआ था। इसमें सदर विधायक अब्बास अंसारी और उमर अंसारी और मंसूर को आरोपी बनाया गया। इसमें आरोप था कि तीन मार्च 22 को विधानसभा चुनाव के प्रचार के दौरान सुभासपा प्रत्याशी अब्बास अंसारी ने जनसभा की।
