(मानवीय सोच) : अंग्रजों ने 17वीं सदी में भारत का नाम अंग्रजी में इंडिया (INDIA) रखा था. तब से लेकर अब तक हम भारत को इंडिया नाम से जानते हैं, लेकिन अब इस नाम को लेकर सियासत अपने चरम पर है. खबरों की माने तो मोदी सरकार अब इस नाम (इंडिया) को संविधान से ही हटाने जा रही है. वहीं बीजेपी के कई नेता भी साफ कह चुके हैं कि ये नाम गुलामी का प्रतीक है. इसको हटा देना चाहिए. असम के सीएम हिमंत बिस्व सरमा ने एक ट्वीट के जरिए कुछ इसी तरह के संकेत भी दिए हैं.
सुत्रों के मुताबिक, 18 से 22 सितंबर तक चलने वाले संसद के विशेष सत्र में सरकार ‘INDIA’ शब्द हटाने के प्रस्ताव से संबंधित विधेयक पेश कर सकती है. मंगलवार को खबर सामने आई कि भारत के प्रेसीडेंसी G20 ने नया ट्विटर हैंडल (G-20 भारत) लॉन्च किया है. इसके अलावा कांग्रेस नेता जयराम रमेश ने ट्वीट कर बताया कि राष्ट्रपति भवन की ओर से 9 सिंतबर को G20 सम्मेलन के डिनर के लिए जो न्योता भेजा गया है. वह ‘प्रेसिडेंट ऑफ इंडिया’ के बजाय ‘प्रेसिडेंट ऑफ भारत’ के नाम से भेजा गया है.
