प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने मंगलवार को कहा कि दुनिया भर के निवेशक उत्सुकता से भारत की ओर देख रहे हैं तथा घरेलू उद्योग को आगे आकर इस ‘‘सुनहरे अवसर’’ का लाभ उठाना चाहिए और 2047 तक विकसित भारत के लक्ष्य को प्राप्त करने में अपनी भूमिका निभानी चाहिए। ‘विकसित भारत की ओर यात्रा’ विषय पर भारतीय उद्योग परिसंघ (सीआईआई) के बजट-पश्चात सम्मेलन को संबोधित करते हुए प्रधानमंत्री ने कहा कि मोदी सरकार में राजनीतिक इच्छाशक्ति की कमी नहीं है और वह ‘‘राष्ट्र प्रथम दृष्टिकोण’’ को ध्यान में रखते हुए सभी निर्णय लेगी। उन्होंने कहा कि भारत आठ प्रतिशत की दर से वृद्धि कर रहा है और वह दिन दूर नहीं जब देश विश्व में तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बन जाएगा। प्रधानमंत्री ने विश्वास व्यक्त किया कि तीसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था बनने की यह उपलब्धि उनके तीसरे कार्यकाल में हासिल कर ली जाएगी। उन्होंने बजट में घोषित विभिन्न उपायों, खासकर सूक्ष्म, लघु एवं मझोले उद्यम (एमएसएमई) क्षेत्र को बढ़ावा देने वाले उपायों का जिक्र किया, जो रोजगार के करोड़ों अवसर उत्पन्न करता है।
