प्रयागराज के संगम तट पर महाकुंभ के लिए मंच तैयार है। हिंदू धर्म का सबसे बड़ा समागम 2 महीने बाद जनवरी में होने होने वाला है। इस पवित्र समागम में मुसलमानों के प्रवेश को लेकर विवाद छिड़ गया है। एक समूह तर्क दे रहा है कि मुसलमानों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया जाना चाहिए, वहीं दूसरा समूह इस बात पर जोर देता है कि उनको प्रवेश की अनुमति दी जानी चाहिए।इस मामले पर ज्योतिषपीठ के शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद ने एक मीडिया संस्थान से बातचीत में कहा कि मुसलमानों का सबसे बड़ा तीर्थ स्थल मक्का शरीफ, वहां पर 40 किलोमीटर पहले ही गैर मुसलमानों को रोक दिया जाता है। इसलिए, कुम्भ में भी मुसलमानों का कोई कार्य नहीं है और वैसे भी मुसलमानों की ओर से कोई मांग नहीं की गई है। राजनीतिक दलों की तरफ से केवल माहौल बनाने का काम किया गया।
