यूपी (मानवीय सोच) निकाय चुनाव पर इलाहाबाद हाईकोर्ट के फैसले के बाद पेंच फंस गया है। हाईकोर्ट के बिना आरक्षण चुनाव कराने के फैसले के खिलाफ योगी सरकार सुप्रीम कोर्ट पहुंच गई है। साथ ही आयोग का गठन भी कर दिया है। ऐसे में निकाय चुनाव 4 से 6 महीने तक आगे जा सकते हैं। इसको देखते हुए बीजेपी ने 2024 के चुनाव की तैयारियों पर फोकस कर लिया है।
जनवरी के पहले हफ्ते में लखनऊ का दौरा करेंगे जेपी नड्डा
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महासचिव बीएल संतोष जनवरी के पहले हफ्ते में लखनऊ का दौरा करेंगे। इस दौरान जेपी नड्डा पार्टी के स्थानीय नेताओं और कोर कमेटी के सदस्यों के साथ बैठक करेंगे। बैठक में लोकसभा चुनाव की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। पार्टी नेता आने वाले हफ्ते ही राज्य इकाई की ओर से चल रहे कार्यक्रमों और अभियानों की भी समीक्षा करेंगे।
इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के मुताबिक, बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा और पार्टी के राष्ट्रीय संगठन महासचिव बीएल संतोष जनवरी के पहले हफ्ते में लखनऊ का दौरा करेंगे। इस दौरान जेपी नड्डा पार्टी के स्थानीय नेताओं और कोर कमेटी के सदस्यों के साथ बैठक करेंगे। बैठक में लोकसभा चुनाव की तैयारियों पर चर्चा की जाएगी। पार्टी नेता आने वाले हफ्ते ही राज्य इकाई की ओर से चल रहे कार्यक्रमों और अभियानों की भी समीक्षा करेंगे।
6 MLC सीटों पर उम्मीदवारों का फैसला भी करेगी पार्टी
पार्टी इस समय का इस्तेमाल राज्य के 6 विधान परिषद सीटों पर उम्मीदवारों का फैसला करने में भी करना चाहती है। विधान परिषद की छह सीटों के लिए 40 से ज्यादा अब तक नामांकन की दौड़ में हैं।
पार्टी इस समय का इस्तेमाल राज्य के 6 विधान परिषद सीटों पर उम्मीदवारों का फैसला करने में भी करना चाहती है। विधान परिषद की छह सीटों के लिए 40 से ज्यादा अब तक नामांकन की दौड़ में हैं।
प्रमोटेड कंटेंट
निकाय चुनाव टलने पर संगठनात्मक कार्य पूरे किए जाएंगे- भूपेंद्र सिंह चौधरी
रिपोर्ट के मुताबिक, यूपी बीजेपी प्रमुख भूपेंद्र सिंह चौधरी निकाय चुनावों के बाद अपनी नई राज्य इकाई टीम का गठन करने वाले थे। अब वह अगले कुछ हफ्तों में उपाध्यक्षों, महासचिवों, सचिवों और मोर्चा के प्रमुखों की नई राज्य टीम बना सकते हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, यूपी बीजेपी प्रमुख भूपेंद्र सिंह चौधरी निकाय चुनावों के बाद अपनी नई राज्य इकाई टीम का गठन करने वाले थे। अब वह अगले कुछ हफ्तों में उपाध्यक्षों, महासचिवों, सचिवों और मोर्चा के प्रमुखों की नई राज्य टीम बना सकते हैं।
भूपेंद्र सिंह चौधरी ने कहा कि निकाय चुनाव टलने की स्थिति में संगठनात्मक कार्य पूरे किए जाएंगे। केंद्रीय नेतृत्व की मंजूरी के बाद प्रदेश कार्यकारिणी की घोषणा की जाएगी। दो-तीन महीने का समय मिले तो ये काम पूरे हो जाएंगे।
