नोएडा: (मानवीय सोच) सेक्टर 120 स्थित सोरखा गांव में गुरुवार को डूब क्षेत्र अतिक्रमण हटवाने गए राजस्व विभाग और नोएडा अथॉरिटी के अधिकारियों को विरोध का सामना करना पड़ा। हंगामा बढ़ने पर जब अधिकारी वहां से लौटने लगे उसी दौरान पथराव हो गया। हमले में कई अधिकारियों के गाड़ी के शीशे टूट गए। गनीमत रही किसी को चोट नहीं आई। घटना के बाद अधिकारियों ने इसकी शिकायत सेक्टर 113 थाने में दी पुलिस ने तहरीर लेकर मामले की जांच शुरू कर दी है। एडीसीपी नोएडा आशुतोष द्विवेदी ने बताया है कि गुरुवार को नोएडा अथॉरिटी और राजस्व विभाग के अधिकारी पुलिस को लेकर सेक्टर 113 थाना क्षेत्र स्थित सोरखा गांव में हो रहे अवैध अतिक्रमण को हटवाने के लिए करीब 3 बजे गए थे। अधिकारियों को आता देख गांव में हंगामा शुरू हो गया।
इसके बाद सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण इकट्ठा हो गए और विरोध प्रदर्शन करने लगे। अधिकारी अपने साथ अतिक्रमण हटाने के लिए जेसीबी और ट्रैक्टर भी ले गए थे। जैसे ही टीम ने अतिक्रमण हटाने का प्रयास किया कहासुनी शुरू हो गई। इसी दौरान कुछ अराजक युवक ग्रामीणों के भीड़ में शामिल हो गए। आरोपियों ने ग्रामीणों को विरोध करने के लिए भड़काना शुरू कर दिया। कुछ ही देर में युवकों का एक गुट अधिकारियों से अभद्रता करने लगा। युवक नारेबाजी भी करने लगे। विरोध बढ़ता देख अतिक्रमण हटाने गए अधिकारी अपनी गाड़ियों में बैठ कर वापस आने लगे थे। इसी दौरान युवकों ने पथराव कर दिया।
एसडीएम दादरी की गाड़ी का शीशा टूटा
पथराव में एसडीएम दादरी की स्कॉर्पियो कार के आगे का शीशा टूट गया। साथ ही कुछ अन्य अधिकारियों के कार पर भी पथराव हुआ। घटना के बाद अधिकारी इसकी तहरीर सेक्टर 113 थाने में दिए हैं। एडीसीपी ने बताया गनीमत रही पथराव की घटना में किसी को चोट नहीं आई है। मौके पर पहुंची सेक्टर 113 थाना पुलिस ने स्थिति को नियंत्रण में ले लिया है। पुलिस की टीम पूरे मामले की जांच में जुटी हुई है।
पैमाइश कराने के लिए गए थे अधिकारी
एडीसीपी ने बताया राजस्व विभाग और अथॉरिटी के अधिकारी सोरखा गांव में पैमाइश के लिए गए थे। वहां अतिक्रमण करके बनाई गई कई कॉलोनियों की पैमाइश भी किया गया। इसी दौरान वहां पर रहने वाले इसका तेजी से विरोध करने लगे। कुछ जगहों पर जेसीबी भी चली थी। हालांकि विरोध बढ़ने पर अधिकारी वापस निकल गए। जेई की गाड़ी पर भी पथराव में हुआ है। इस मामले पर ग्रामीणों का आरोप है कि जब अधिकारियों और ग्रामीणों के बीच कहासुनी हो रही थी। इस दौरान पुलिस ने कई ग्रामीणों पर गाड़ी चढ़ाने की कोशिश की। एक महिला सहित कई लोगों को चोटें भी आई है। पुलिस के द्वारा गाड़ी चढ़ाने के बाद ही ग्रामीण भड़क उठे थे। उनका आरोप है, पुलिस ने कई लोगों के साथ मारपीट भी किया है। एडीसीपी नोएडा आशुतोष द्विवेदी ने बताया कि अतिक्रमण हटाने गए अधिकारियों पर पथराव के मामले में देर शाम लेखपाल की तरफ से सरकारी काम में बाधा डालने और पथराव करने के आरोप में तहरीर दी गई है। मामले में तहरीर ले लिया गया है। पुलिस की टीम पूरे मामले की जांच कर रही है।
डूब क्षेत्र में जारी रहेगा अभियान
नोएडा प्राधिकरण ने डूब क्षेत्र में अतिक्रमण हटाकर लैंडबैंक बढ़ाने का अभियान जो छेड़ा है, वह जारी रहेगा। नोएडा अथॉरिटी के ओएसडी इंदुप्रकाश सिंह ने कहा कि पिछले दिनों प्राधिकरण ने सेक्टर 151 स्थित सिंचाई विभाग की भूमि पर अतिक्रमण कर बनाए गए अवैध फार्महाउस के खिलाफ सख्त कार्रवाई की थी। प्राधिकरण ने ग्राम कोंडली बांगर में अवैध एवं अनाधिकृत रूप से डूब क्षेत्र में बनाए गए 30 फार्महाउस और अतिक्रमण को ध्वस्त कर दिया है। इस कार्य को करने के लिए प्राधिकरण के अतिक्रमण विभाग, भूलेख विभाग नोएडा एवं सिंचाई विभाग ने संयुक्त अभियान चलाया। ये फार्म हाउस डूब क्षेत्र की लगभग 1 लाख 20 हजार वर्ग मीटर भूमि पर बनाए गए थे। इन जमीनों की कीमत 40 करोड़ रुपए बताई गई है।
कानूनी कार्रवाई के दिए गए निर्देश
इसी तरह डूब क्षेत्र में अतिक्रमण हटाओ अभियान के दौरान कुछ अराजक तत्वों ने प्रशासनिक मशीनरी पर हमला किया। ऐसे तत्वों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई के लिए प्रार्थनापत्र दिया गया है। डूब क्षेत्र में अवैध अतिक्रमण हटाने का नोएडा अथॉरिटी की तरफ से चल रहा अभियान जारी रहेगा। अतिक्रमण करने वालों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर कानूनी कार्रवाई करने की लिए निर्देश दिए गए हैं। नोएडा की सीईओ ने लोगों को आगाह किया है कि, वे नदियों के डूब क्षेत्र और नोएडा के अधिसूचित क्षेत्र में निर्माण न करें। उन्होंने कहा कि, लोग डूब क्षेत्र में अवैध कॉलोनियों एवं फार्म हाउस के कारोबार में लिप्त भू माफियाओं के चंगुल में नहीं फंसे। नोएडा के डूब क्षेत्र में कोई भी निर्माण पूरी तरह वर्जित है। प्राधिकरण की सीईओ ने कहा कि, ऐसी स्थिति में अवैध फार्म हाउस का क्रय-विक्रय करने वाले लोगों पर सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
