बरेली : (मानवीय सोच) दूसरे समुदाय के युवक से शादी करने जा रही महिला दरोगा बिना अनुमति के लापता हो गई हैं। सीओ के आदेश कक्ष (ओआर) में भी वह नहीं पहुंचीं तो उनकी गैरहाजिरी दर्ज की गई है। उनके प्रेमी का भी पता नहीं लग रहा है।
मेरठ के किला परीक्षितगढ़ की मूलनिवासी व सुभाषनगर थाने की महिला दरोगा का बहेड़ी निवासी दूसरे समुदाय के युवक से प्यार इस कदर परवान चढ़ा है कि वह उससे शादी करने जा रही हैं। दरोगा की उम्र 50 वर्ष के करीब तो युवक करीब 30 साल का बताया जा रहा है। ज्यादा चर्चा दोनों के समुदाय को लेकर है।
दोनों ने अपने मौजूदा धर्म को कायम रखते हुए कोर्ट मैरिज करने का फैसला किया है और इसके लिए एसडीएम कोर्ट सह विवाह अधिकारी से अनुमति मांगी गई है। शुक्रवार देर शाम से ही महिला दरोगा लापता हैं और उनका मोबाइल भी बंद है। रात में सीओ टू ने सुभाषनगर थाने का ओआर किया।
इन दरोगा के पास करीब दस विवेचना लंबित होने का रिकॉर्ड मिला, पर दरोगा की गैरमौजूदगी में इंस्पेक्टर से जवाब मांगा गया। इंस्पेक्टर ने बिना सूचना के जाना बताया तो मामले में अनुपस्थिति की सूचना दर्ज करा दी गई।
