नई दिल्ली : (मानवीय सोच) खालिस्तानी आतंकी निज्जर की हत्या में भारत का नाम घसीटने वाले कनाडाई पीएम जस्टिन ट्रूडो अमेरिका और ब्रिटेन को भी अपनी ‘साजिश’ का हिस्सा बनाना चाहते थे लेकिन इस कोशिश में उन्हें बड़ा झटका लगा और दोनों ही देशों ने इसमें शामिल होने से इनकार कर दिया अमेरिकी मीडिया आउटलेट वॉशिंगटन पोस्ट ने अपनी एक रिपोर्ट में यह दावा किया है
ट्रूडो ने अमेरिका और ब्रिटेन को अपने पक्ष में करने की काफी कोशिशें कीं. कनाडा की विदेश मंत्री मेलानी जोली ने खुद यह बात स्वीकार की. उन्होंने प्रेस कांफ्रेंस कर कहा कि जस्टिन ट्रूडो ने अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडेन और ब्रिटिश पीएम ऋषि सुनक के सामने इस मामले को उठाया. अब अमेरिकी अखबार ने दावा किया है कि ट्रूडो की यह कोशिश बुरी तरह से फेल हो गई. कनाडा ने अमेरिका समेत अपने करीबी देशों से इस मामले में भारत की निंदा करने की अपील की थी, लेकिन उन्होंने इनकार कर दिया
